दुनिया की सबसे बड़ी डकैती ट्रकों में भर भर कर रुपए ले गए थे। डकैत राष्ट्रपति का बेटा था लूट में शामिल।

पूरी दुनिया में आए दिन लूटपाट की घटनाएं होती रहती है जिसमें से लुटेरे कीमती सामान और रुपए लूटकर फरार हो जाते हैं। यह लूट कई लाखों या फिर कहीं करोड़ों रुपए की हो सकती है।

दुनिया की सबसे बड़ी डकैती ट्रकों में भर भर कर रुपए ले गए थे। डकैत राष्ट्रपति का बेटा था लूट में शामिल।
दुनिया की सबसे बड़ी डकैती ट्रकों में भर भर कर रुपए ले गए थे। डकैत राष्ट्रपति का बेटा था लूट में शामिल।

पूरी दुनिया में आए दिन लूटपाट की घटनाएं होती रहती है जिसमें से लुटेरे कीमती सामान और रुपए लूटकर फरार हो जाते हैं। यह लूट कई लाखों या फिर कहीं करोड़ों रुपए की हो सकती है। इसके अलावा कई लुटेरे, करोड़ों रुपए का सोना चांदी और बेशकीमती हीरे तक चुरा कर ले जाते हैं।

आज हम आपको एक ऐसी लूट के बारे में बताने जा रहे हैं जिसे दुनिया का सबसे बड़ी लूट का जाता है जिसमें लुटेरों को लूट के रुपए ट्रकों में भर भर कर ले जाने पड़े थे। यह डकैती एक बैंक में हुई थी। यही नहीं वह बैंक डकैती के इतिहास में दुनिया की सबसे बड़ा मामला है क्योंकि इसमें आमतौर पर उस देश के राष्ट्रपति का बेटा भी शामिल था यह बात एक दम सच है।

8000 करोड रुपए की हुई थी लूट!

हम आपको बता रहे हैं इराक की एक लूट के बारे में जिस बैंक डकैती में लुटेरे कुल 1 बिलियन डॉलर यानी आज के हिसाब से करीब 8000 करोड रुपए लूटकर ले गए थे। यह लूट इराक की सेंट्रल बैंक में हुई थी। इस घटना को 19 साल बीत चुके हैं। जानकारी के मुताबिक यह घटना 2003 के मार्च महीने की है। तब इराक के राष्ट्रपति सद्दाम हुसैन हुआ करते थे। सद्दाम हुसैन और अमेरिका के बीच गहरी दुश्मनी थी। कहते हैं कि अमेरिका ने इराक पर हमले की पूरी तैयारी कर ली थी। उसे कुछ घंटे पहले सद्दाम हुसैन के बेटे बगदाद इराक की सेंट्रल बैंक पहुंचे और बैंक प्रमुखों एक पर्ची थमाई जिस पर लिखा था कि सुरक्षा कारणों से बैंक के सभी प्रश्नों को राष्ट्रपति ने दूसरे सुरक्षित जगह ले जाने का आदेश दिया

उसमें इराक में सद्दाम हुसैन का बहुत खूब था। लोग उसके नाम से कांपने लगते थे क्योंकि उन्होंने एक थाना सा माना जाता था। इसलिए बैंक प्रमुख कुछ नहीं बोलने और परसों को ले जाने की अनुमति दे दी। इसके अलावा उसके पास कोई रास्ता भी नहीं था। कहा जाता है कि सद्दाम हुसैन के बेटे कुसय ने इराक की बैंक से इतने रुपए लूटे थे कि उन्हें ट्रकों में भर भर कर ले जाना पड़ा था। बता दें कि लूट की रकम को ट्रकों में भरने में करीब 5 घंटे लग गए थे। कहा जाता है कि बैंक में और भी पैसे थे परंतु उन्हें रखने के लिए ट्रक में जगह नहीं रही। इसलिए उन्हें वहीं पर छोड़ दिया गया।बैंक डकैती की बात दुनिया को तब खबर लगी जब घटना के तुरंत बाद अमेरिका सेना ने इराक पर बमबारी शुरू कर दी। इस दौरान इराक की सेंट्रल बैंक पर अमेरिकी सेना ने कब्जा कर लिया, लेकिन उन्हें पता चला कि सारे पैसे तो सद्दाम हुसैन का बेटा कुसय आए ले गए। उसके बाद काफी छानबीन हुई। सद्दाम हुसैन के महल में जांच की गई जहां से बड़ी मात्रा में नोट मिले। हालांकि वह नोट लूट की रकम का भाग नहीं थे। उन्हें पैसों को सलाम हुसैन के दूसरे बेटे उदय ने पहले से ही संभाल कर रखा