{"vars":{"id": "112470:4768"}}

krishi vikas yojana: नवरात्रों में किसानों की हो गई मौज, मोदी सरकार ने दिया 1 लाख करोड़ का तोहफा, जाने 

Kisan Yojana: यह नई पहल किसानों के कल्याण के प्रति केंद्र सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाती है और भविष्य में किसानों को मजबूत करने की दिशा में एक बड़ा कदम है।
 

krishi vikas yojana: किसानों के लिए नवरात्रों पर काफी शुभ समाचार सामने आया है।  अधिक जानकारी के लिए बता दे की यह निर्णय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने लिया। सरकार ने कृषि और किसान कल्याण मंत्रालय के तहत सभी केंद्र प्रायोजित योजनाओं (सीएसएस) को दो मुख्य योजनाओं में तर्कसंगत बनाने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है। 

ये योजनाएं हैंः
 प्रधानमंत्री राष्ट्रीय कृषि विकास योजना (पीएम-आरकेवीवाई) और कृषि विकास योजना (केवाई) इस निर्णय से किसानों के कल्याण और कृषि क्षेत्र में आत्मनिर्भरता को बढ़ावा मिलेगा।

 कृषि छेत्र में आत्मनिर्भर बनेगा किसान 
 कृषि योजनाओं का नया प्रारूप पीएम-आरकेवीवाई टिकाऊ कृषि को बढ़ावा देगा, जबकि कृषि विकास योजना (केवाई) खाद्य सुरक्षा और कृषि आत्मनिर्भरता पर ध्यान केंद्रित करेगी। योजनाओं के तहत कुल प्रस्तावित व्यय 1,01,321.61 करोड़ रुपये होगा, जिसमें 69,088.98 करोड़ रुपये केंद्र सरकार का हिस्सा होगा और 32,232.63 करोड़ रुपये राज्यों का होगा। इन सभी योजनाओं को राज्य सरकारों के माध्यम से लागू किया जाएगा, जिससे राज्यों को कृषि क्षेत्र की उभरती चुनौतियों का समाधान करने का अवसर मिलेगा।


मिशन मोड में नई योजनाएं योजनाओं को युक्तिसंगत बनाने के बाद राज्य सरकारों को कृषि क्षेत्र के लिए व्यापक रणनीतिक दस्तावेज तैयार करने का अवसर मिलेगा। इन योजनाओं में राष्ट्रीय खाद्य तेल मिशन, स्वच्छ संयंत्र कार्यक्रम, डिजिटल कृषि जैसी प्रमुख पहल शामिल हैं। इसके साथ ही, पूर्वोत्तर क्षेत्र के लिए मिशन ऑर्गेनिक वैल्यू चेन डेवलपमेंट (एमओवीसीडीएनईआर) योजना को भी संशोधित किया गया है और इसमें अतिरिक्त घटक जोड़े गए हैं, जो पूर्वोत्तर राज्यों की महत्वपूर्ण चुनौतियों का समाधान करेंगे।

किसानों को मिलेगा अनोखा लाभ 
पीएम-आरकेवीवाई में एक बड़ा बदलाव यह है कि राज्य सरकारों को अपनी राज्य-विशिष्ट आवश्यकताओं के अनुसार विभिन्न घटकों के बीच धन को फिर से आवंटित करने के लिए लचीलापन मिलेगा। इसके अलावा, योजनाओं को स्पष्ट और समग्र रणनीतिक ढांचे के तहत लागू किया जाएगा, जो कृषि क्षेत्र में पोषण सुरक्षा, जलवायु लचीलापन और मूल्य श्रृंखला विकास जैसी चुनौतियों का समाधान करेगा।

यह नई पहल किसानों के कल्याण के प्रति केंद्र सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाती है और भविष्य में किसानों को मजबूत करने की दिशा में एक बड़ा कदम है।